बाछी: गाय का छोटा प्यार
गाँव में जब कोई बछिया गाय थोड़ी बड़ी हो जाती है, पर पूरी गाय नहीं बनती, तो लोग उसे प्यार से बाछी बोल देते हैं। यह शब्द सीधा सा है, पर इसमें गाँव की नरमी छिपी होती है। बाछी को देखकर लोग अक्सर उसकी चाल, उसकी आँख और उसकी धीमी सी आवाज़ से ही पहचान लेते हैं। मारवाड़ी में ऐसे छोटे, अपने लगे शब्द बात को और घणी खास बना देते हैं। आज का word-of-the-day: बाछी — young cow. इस्तेमाल करो: “म्हारे आँगन में एक बाछी बैठी है।” बस, इतना सा शब्द और पूरा गाँव याद आ जाता है।
