बारो काडो: एक बारी, पूरी मारवाड़ी छाप
बारो काडो का सीधा मतलब है कुएँ से पानी खींचने का एक चक्कर। पुराने गाँव में पानी बचा-बचाकर इस्तेमाल होता था, इसलिए बारी से काम चलता था। एक घर की औरत या आदमी बाल्टी उठाता, एक चक्कर लेता, फिर अगला अपनी बारी पर आता। सच्ची, इसमें पूरा गाँव एक कतार में खड़ा दिखता था। मारवाड़ी में इसे बारो काडो बोलते हैं। इसका मजा तब समझ आता है जब कोई कहे, “म्हारे बारे में बारो काडो आ गया।” यानी अब मेरी बारी है। आज के समय में भले ही हैंडपंप और नल आ गए हों, पर यह शब्द पुरानी जिंदगी की याद जैसा लगता है — सीधा, सरल, और घणी अपनापन वाला।
