भाजपा पर गहलोत का निशाना: जनादेश की बात फिर उठी
जयपुर में दिए गए बयान में गहलोत ने भाजपा पर यह आरोप लगाया कि वह लोगों के जनादेश को कमजोर कर रही है। उनका कहना था कि दूसरे दलों के सांसदों को NDA में शामिल करके सत्तारूढ़ पार्टी विपक्ष की आवाज को पतला करना चाहती है। यह बात सिर्फ एक राजनीतिक पंक्ति नहीं, बल्कि संख्याओं की राजनीति का सीधा सवाल है: जब 400 पार जैसी बात उठी थी, तब उसका मतलब बड़ा जनादेश था; अब जब दूसरे दलों से लोग जोड़े जा रहे हैं, तो विपक्षी पंक्तियों का संतुलन ही डगमगा जाता है। जयपुर की राजनीति में लोग ऐसे पलट को हर बार ध्यान से देखते हैं — क्योंकि बात कुर्सी की कम, व्यवस्था की ज़्यादा होती है।
