चंद्रयान-1 के वैज्ञानिक अब पाठ्यक्रम का नक्शा बनाएंगे
तमिलनाडु ने पाठ्यक्रम-निर्माण समिति को नया रूप दिया है, और इस बार नेतृत्व एक ऐसे वैज्ञानिक के हाथ में आया है, जिन्होंने अंतरिक्ष मिशन के साथ देश का गौरव बढ़ाया। समिति अब 17 सदस्यों की हो गई है, जिसमें शिक्षा के अलग-अलग पहलुओं को समझने वाले लोग भी शामिल हैं। यह बदलाव इसलिए अहम है क्योंकि आने वाली राज्य शिक्षा नीति अगस्त 2025 तक तैयार होनी है, और उससे पहले पाठ्यक्रम को नीति के साथ मिलाना है। सीखने की कमियों को पहचानना, सुझाव लेना और स्कूल-स्तर की हकीकत को बोर्ड के ढाँचे में फिट करना — यही इस टीम का काम है। सीधी बात है: कक्षा और नीति के बीच की दूरी कम करना अब प्राथमिकता बन गई है।
