हॉर्मुज़ की खबर से तेल के दाम फिर हिले
हॉर्मुज़ के रास्ते पर बंद होने की रिपोर्ट आते ही वैश्विक तेल बाजार में हलचल दिखने लगी। Brent crude लगभग 81.60 डॉलर प्रति बैरल तक चढ़ गया, और WTI में भी तेजी आ गई। ऐसी चाल का सीधा असर तेल आयात करने वाले देशों के हिसाब-किताब पर पड़ता है, क्योंकि कच्चा माल महंगा हो तो परिवहन से लेकर रोजमर्रा की चीज़ों तक दबाव आ सकता है। दिल्ली, मुंबई, नोएडा, लखनऊ, बेंगलुरु, कोलकाता और चेन्नई जैसे शहरों में लोग आम तौर पर पंप रेट को ही अपना छोटा-सा बजट मापते हैं। अभी बाजार का संकेत बस इतना कह रहा है: अगर आपूर्ति को लेकर तनाव बना रहा, तो अगला अपडेट और भी करीब से देखना पड़ेगा। घणी सीधी बात है—तेल के दाम सिर्फ संख्या नहीं, पूरे घर की योजना को हिला देते हैं।
