जयपुर के 300 साल: भव्य जश्न की तैयारी
जयपुर की 300 साल की यह मंज़िल सिर्फ एक गिनती नहीं, शहर की पहचान का बड़ा पल है। इसी लिए राजस्थान सरकार अब ऐसे जश्न की तैयारी कर रही है जो जयपुर की विरासत, कला और रोजमर्रा की छवि को साथ ले कर चले। उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को साफ़ निर्देश दिए हैं कि योजना भव्य हो, पर जयपुर की असली रूह भी उसमें दिखे। यह बात खास इसलिए है क्योंकि जयपुर हमेशा से इमारत, बाज़ार, रंग और रीति का शहर रहा है। लोगों को अब बस इतना देखना है कि इस 300 साल के जश्न में कौन से कार्यक्रम, कौन से स्थान और कौन सी तैयारियां सामने आती हैं। एक अधिकारी ने भी अंदाज़ में यही बात मानी कि यह उत्सव सिर्फ प्रदर्शन नहीं, शहर की याद का आईना होना चाहिए। सच्ची बात, जयपुर के लिए यह मौका अपनी कहानी को नए तरीके से सुनाने का है।
