जयपुर की ई-बस: चार्जर कम, ट्रिप्स ज़्यादा
जयपुर की ई-बस योजना को अभी सबसे बड़ा झटका चार्जिंग की कमी से लग रहा है। बगराना डिपो पर ही अभी तक चार्जिंग का काम चल रहा है, जबकि टोडी सुविधा का इंतज़ार बना हुआ है। इसलिए रोज 5 से 7 ट्रिप्स तक रद्द हो रही हैं, और यात्रियों को अपनी समय-सारिणी फिर से सेट करनी पड़ रही है। यही वह स्थिति है जहाँ गाड़ी की योजना बड़ी होती है, पर पहली कतार की तैयारी अधूरी रह जाती है। 119 और बसें जल्दी आने वाली हैं, और 2026-27 में 300 बसों तक का लक्ष्य भी रखा गया है। लेकिन जब तक डिपो-स्तर की चार्जिंग पूरी तरह तैयार नहीं होती, तब तक सेवा का तालमेल बार-बार टूटेगा। जयपुर को ई-बस से साफ़-सुथरी यात्रा मिल सकती है, बस प्लग की रफ़्तार मार्ग से मेल खानी चाहिए। बस इतना ही.
