शहीद स्मारक पर छात्रों का जश्न, protest का mood अभी भी ज़िंदा
शहीद स्मारक पर शुक्रवार को छात्रों की भीड़ कुछ और ही mood में दिखी। जहाँ आम दिनों में बात-बात पर नारे और निगरानी रहती है, वहाँ इस बार गीत, तालियाँ और खुले चेहरे थे। छात्रों ने एक इस्तीफ़े के बाद जश्न मनाया, और उस पल को अपनी लंबी मेहनत का नतीजा बताया। जयपुर के इस केंद्रीय स्थल पर जमा हुए युवाओं का कहना था कि यह बस एक पड़ाव है, मंज़िल नहीं। इसी लिए celebration के साथ-साथ protest का संकल्प भी बना रहा। एक तरफ नाच-गाना, दूसरी तरफ यह साफ़ बात कि जब तक इस्तीफ़े को औपचारिक तौर पर स्वीकार नहीं किया जाता, आंदोलन का रंग हल्का नहीं पड़ेगा। शहर के बीचोबीच यह दृश्य जयपुर की उस आदत को फिर दिखाता है जहाँ ग़ुस्सा और उम्मीद, दोनों एक ही मैदान में खड़े हो जाते हैं।
