जोहरी बाज़ार का 'सिंपल' सेट
जोहरी बाज़ार की दुकान में एक ग्राहक ने सीधे बोल दिया, “भाई, बस थोड़ा सा सिंपल कुंदन सेट चाहिए।” कारीगर ने बिना कुछ कहे जो मुस्कान दी, उसमें पूरा हिसाब था। यहाँ ‘सिंपल’ का मतलब डिज़ाइन में हल्का, पर काम में कम नहीं। कुंदन की एक-एक झिलमिल, नक्काशी की एक-एक रेखा, और पीछे का मेहनत वाला हाथ—सब कुछ चुपके से जोड़ दिया जाता है। फिर जब अंदाज़ा लगता है, तब पता चलता है कि सिंपल सेट भी जोहरी बाज़ार में अपनी अलग ही शान रखता है। म्हारो जयपुर ऐसा ही है—बात सीधी, काम घणा, और मुस्कान में पहले से बिल का अंदाज़ा। समझे?
